लखनऊ में "नशा मुक्त युवा फॉर विकसित भारत–संकल्प अभियान" का शुभारंभ, विश्वविद्यालय में हुआ सजीव प्रसारण
लखनऊ। ख़्वाजा मुईनुद्दीन चिश्ती भाषा विश्वविद्यालय में "नशा मुक्त युवा फॉर विकसित भारत–संकल्प अभियान" के शुभारंभ अवसर पर आयोजित कार्यक्रम का सजीव प्रसारण विश्वविद्यालय के अटल सभागार में किया गया। इस अवसर पर विश्वविद्यालय परिवार ने नशामुक्त भारत के निर्माण का सामूहिक संकल्प लेते हुए नशामुक्ति शपथ ग्रहण की।
कुलपति और कुलसचिव की उपस्थिति में बड़ी संख्या में जुटे छात्र
कार्यक्रम में कुलपति प्रो. अजय तनेजा एवं कुलसचिव विकास कुमार की गरिमामयी उपस्थिति में विश्वविद्यालय के शिक्षक, अधिकारी, कर्मचारी तथा बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं ने सहभागिता की। विश्वविद्यालय परिसर में निवासरत सभी शिक्षक, कर्मचारी एवं विद्यार्थी अटल सभागार में उपस्थित रहे, जबकि अन्य शिक्षकगण, कर्मचारी एवं छात्र-छात्राएं ऑनलाइन माध्यम से कार्यक्रम से जुड़े।
PM मोदी ने किया युवाओं का आह्वान
सजीव प्रसारण के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने युवाओं का आह्वान करते हुए कहा कि विकसित भारत के निर्माण के लिए नशामुक्त, स्वस्थ, जागरूक एवं उत्तरदायी युवा शक्ति का निर्माण अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने युवाओं से स्वयं नशे से दूर रहने, अपने परिवार एवं समाज को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करने तथा जनभागीदारी के माध्यम से नशामुक्त भारत के अभियान को जन-आंदोलन बनाने का आह्वान किया।
प्रधानमंत्री के आह्वान पर कार्यक्रम में उपस्थित सभी प्रतिभागियों ने नशामुक्ति की शपथ लेते हुए स्वयं नशे से दूर रहने, दूसरों को इसके दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करने तथा समाज को नशामुक्त बनाने में सक्रिय योगदान देने का संकल्प लिया।
कुलपति प्रो. अजय तनेजा बोले — "नशामुक्त युवा ही विकसित भारत की सबसे बड़ी शक्ति"
इस अवसर पर कुलपति प्रो. अजय तनेजा ने कहा कि विश्वविद्यालय का दायित्व केवल गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करना ही नहीं, बल्कि विद्यार्थियों के नैतिक, सामाजिक एवं स्वास्थ्यपरक व्यक्तित्व का निर्माण करना भी है। उनके अनुसार, नशामुक्त युवा ही विकसित भारत की सबसे बड़ी शक्ति हैं और युवाओं के स्वस्थ, जागरूक व संस्कारित होने पर ही विकसित भारत का सपना साकार हो सकेगा।
कुलसचिव विकास कुमार ने युवाओं से नशे जैसी सामाजिक बुराइयों से दूर रहने, स्वस्थ एवं सकारात्मक जीवनशैली अपनाने तथा राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भागीदारी निभाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि प्रत्येक युवा यदि अपने परिवार और समाज में नशामुक्ति का संदेश पहुँचाए, तो यह अभियान व्यापक जन-आंदोलन का स्वरूप ग्रहण कर सकता है।
नशामुक्त भारत के निर्माण का लिया सामूहिक संकल्प
कार्यक्रम के अंत में उपस्थित सभी शिक्षक, अधिकारी, कर्मचारी एवं छात्र-छात्राओं ने नशामुक्ति की शपथ ग्रहण की। उन्होंने स्वयं नशे से दूर रहने, अपने परिवार एवं समाज को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करने तथा नशामुक्त भारत के निर्माण में सक्रिय सहभागिता निभाने का संकल्प लिया। शपथ के माध्यम से प्रतिभागियों ने स्वस्थ, जागरूक एवं जिम्मेदार समाज के निर्माण के लिए निरंतर प्रयासरत रहने की प्रतिबद्धता व्यक्त की।
कार्यक्रम का आयोजन विश्वविद्यालय में संचालित नशा मुक्त अभियान समिति के समन्वय में डॉ. नलिनी मिश्रा के निर्देशन में किया गया। इस अवसर पर उपकुलसचिव मो सुहैल, माय भारत के नोडल ऑफिसर डॉ रत्नेश और डॉ कृष्ण मुकुंद सहित विश्वविद्यालय के शिक्षक, कर्मचारी और विद्यार्थी भारी संख्या में उपस्थित रहे।
