हर बेटी होगी आत्मविश्वास से भरपूर, हर विद्यालय बनेगा सुरक्षा का केंद्र
रानी लक्ष्मीबाई आत्मरक्षा प्रशिक्षण अभियान के तहत 45,721 विद्यालयों की छात्राओं को मिलेगा प्रशिक्षण
लखनऊ। प्रदेश की बेटियों को सुरक्षित, आत्मनिर्भर और आत्मविश्वासी बनाने के उद्देश्य से उत्तर प्रदेश सरकार ने रानी लक्ष्मीबाई आत्मरक्षा प्रशिक्षण अभियान को व्यापक स्तर पर संचालित करने का निर्णय लिया है। इस अभियान के तहत प्रदेश के 45,721 विद्यालयों में अध्ययनरत छात्राओं को आत्मरक्षा का प्रशिक्षण दिया जाएगा, ताकि वे किसी भी विपरीत परिस्थिति में स्वयं की सुरक्षा करने में सक्षम बन सकें।
सरकार का उद्देश्य केवल छात्राओं को शारीरिक रूप से मजबूत बनाना ही नहीं, बल्कि उनमें आत्मविश्वास, साहस और त्वरित निर्णय लेने की क्षमता का विकास करना भी है। विद्यालयों में विशेषज्ञ प्रशिक्षकों द्वारा आत्मरक्षा की विभिन्न तकनीकों का प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिससे छात्राएं संभावित खतरों का सामना करने के लिए मानसिक और शारीरिक रूप से तैयार हो सकें।
इस अभियान के माध्यम से विद्यालयों को भी सुरक्षित एवं जागरूक वातावरण के रूप में विकसित किया जाएगा। प्रशिक्षण के दौरान छात्राओं को आत्मरक्षा के साथ-साथ महिला सुरक्षा, साइबर सुरक्षा, आपातकालीन सहायता सेवाओं तथा कानून से जुड़े महत्वपूर्ण अधिकारों की भी जानकारी दी जाएगी।
प्रदेश सरकार का मानना है कि जब बेटियां आत्मविश्वास और सुरक्षा के प्रति जागरूक होंगी, तभी वे शिक्षा, खेल, रोजगार और समाज के हर क्षेत्र में बिना किसी भय के आगे बढ़ सकेंगी। रानी लक्ष्मीबाई के साहस और वीरता से प्रेरित यह अभियान छात्राओं को आत्मरक्षा के साथ-साथ आत्मसम्मान और नेतृत्व की भावना से भी जोड़ने का कार्य करेगा।
प्रदेश भर में चरणबद्ध तरीके से संचालित होने वाला यह अभियान विद्यालयों में सुरक्षा संस्कृति को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है। सरकार का लक्ष्य है कि प्रत्येक बेटी स्वयं को सुरक्षित महसूस करे और प्रत्येक विद्यालय छात्राओं के लिए विश्वास एवं सुरक्षा का केंद्र बने।
