उत्तर प्रदेश में पर्यटन विकास परियोजनाओं को मिली रफ्तार, 20 नवंबर 2026 तक सभी कार्य पूरे करने के निर्देश
लखनऊ। उत्तर प्रदेश सरकार ने पर्यटन विकास परियोजनाओं को तेजी से पूरा करने के लिए कार्यदायी संस्थाओं को सख्त निर्देश दिए हैं। पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने कहा कि वित्तीय वर्ष 2025-26 में स्वीकृत सभी परियोजनाओं पर निर्माण कार्य समयबद्ध तरीके से शुरू कराया गया है और इन्हें 20 नवंबर 2026 तक गुणवत्ता के साथ पूरा कर आम जनता को समर्पित किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि जिन परियोजनाओं की लागत एक करोड़ रुपये या उससे अधिक है, उन्हें तय समयसीमा के भीतर पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं। प्रदेश सरकार पर्यटन स्थलों के विकास, सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण और धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से बड़े पैमाने पर विकास कार्य करा रही है।
विभिन्न कार्यदायी संस्थाओं की प्रगति
पर्यटन मंत्री के अनुसार राजकीय निर्माण निगम को आवंटित 32 परियोजनाओं में से 2 परियोजनाओं पर निर्माण कार्य शुरू हो चुका है, जबकि 30 परियोजनाओं की निविदा प्रक्रिया प्रगति पर है।
यूपीपीसीएल को आवंटित 65 परियोजनाओं में 61 परियोजनाओं पर कार्य शुरू हो चुका है तथा 1 परियोजना पूरी की जा चुकी है। वहीं 24 विशेष कार्यों में से 20 पर निर्माण प्रारंभ हो गया है और शेष 4 परियोजनाएं निविदा प्रक्रिया में हैं।
आवास विकास परिषद को स्वीकृत 75 परियोजनाओं में 41 परियोजनाओं पर निर्माण कार्य जारी है, जबकि 32 परियोजनाओं की निविदा प्रक्रिया चल रही है।
उत्तर प्रदेश राज्य पर्यटन विकास निगम को स्वीकृत 305 परियोजनाओं में सभी की निविदाएं प्रकाशित की जा चुकी हैं। इनमें से 247 कार्यादेश जारी हो चुके हैं, जबकि 58 परियोजनाओं की निविदा प्रक्रिया जारी है।
इसके अलावा सी एंड डीएस (C&DS) को आवंटित 126 परियोजनाओं में से 113 परियोजनाओं पर कार्य शुरू हो चुका है और 13 परियोजनाएं निविदा प्रक्रिया में हैं।
पर्यटन और रोजगार को मिलेगा बढ़ावा
जयवीर सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के मार्गदर्शन में प्रदेश के विभिन्न जिलों में पर्यटन विकास, धार्मिक स्थलों के सौंदर्यीकरण, ऐतिहासिक धरोहरों के संरक्षण तथा सांस्कृतिक स्थलों के जीर्णोद्धार का कार्य तेजी से किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि इन परियोजनाओं के पूरा होने से उत्तर प्रदेश में पर्यटन को नई गति मिलेगी, निवेश बढ़ेगा, स्थानीय रोजगार के अवसर सृजित होंगे और प्रदेश की सांस्कृतिक विरासत को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान मिलेगी।
पर्यटन मंत्री ने सभी कार्यदायी संस्थाओं को निर्देश दिए हैं कि 20 नवंबर 2026 तक सभी स्वीकृत परियोजनाओं को गुणवत्ता और समयबद्धता के साथ पूरा कर जनता को समर्पित किया जाए।
