नारी शक्ति वंदन अधिनियम पर आयोजित हुआ कार्यक्रम
लखनऊ, कैनविज टाइम्स संवाददाता। नारी शक्ति वंदन अधिनियम पर शुक्रवार को अटारी में संयोगिता सिंह चौहान द्वारा आयोजित कार्यक्रम बड़े ही धूमधाम से संपन्न हुआ। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि डॉ. प्रियंका मौर्य सदस्य राज्य महिला आयोग उत्तर प्रदेश एवं अंजू प्रजापति सदस्य राज्य महिला आयोग उत्तर प्रदेश रही। इस अवसर पर भाजपा महिला मोर्चा की जिला अध्यक्ष अंजू रस्तोगी तथा वन स्टॉप सेंटर से अर्चना सिंह की गरिमामयी सहभागिता ने कार्यक्रम की शोभा बढ़ाई। कार्यक्रम में थाना माल की महिला पुलिसकर्मियों को सम्मानित किया गया तथा बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ अभियान के अंतर्गत नन्हीं बेटियों का सम्मान कर उनका उत्साहवर्धन किया गया।

महिलाओं ने हर्षोल्लास के साथ एक-दूसरे को लड्डू खिलाकर एवं पुष्प वर्षा कर अपनी खुशी व्यक्त की। वहीं इस मौके पर मौजूद महिलाओं को नारी शक्ति वंदन अधिनियम, महिला अधिकारों एवं समाज में महिलाओं की सहभागिता के विषय में विस्तारपूर्वक जानकारी दी गई। कार्यक्रम के दौरान संयोगिता सिंह चौहान ने कहा कि आज हम एक ऐसे ऐतिहासिक क्षण के साक्षी हैं, जिसने भारत के लोकतांत्रिक इतिहास में एक नई दिशा दी है। नारी शक्ति वंदन अधिनियम, केवल एक कानून नहीं, बल्कि यह भारत की करोड़ों माताओं, बहनों और बेटियों के सम्मान, अधिकार और भागीदारी का राष्ट्रीय संकल्प है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में लाई गई यह पहल, लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण सुनिश्चित करती है। यह कदम केवल प्रतिनिधित्व बढ़ाने का प्रयास नहीं है, बल्कि यह नीति निर्माण को अधिक समावेशी, संवेदनशील और प्रभावी बनाने की दिशा में एक मजबूत आधार है। उन्होंने कहा कि आज भारत की महिलाएँ हर क्षेत्र में आगे बढ़ रही है, शिक्षा, स्वास्थ्य, विज्ञान, खेल और समाज सेवा हर जगह उनका योगदान बढ़ रहा है।

लेकिन एक सच्चाई यह भी है कि राजनीति में उनका प्रतिनिधित्व अभी भी संतुलित नहीं है। यही वह अंतर है, जिसे यह अधिनियम समाप्त करने का कार्य करेगा। यह कानून महिलाओं को केवल “भागीदार” नहीं, बल्कि “निर्णयकर्ता” बनाने का मार्ग प्रशस्त करता है। जब महिलाएँ नीति बनाएंगी, तो नीतियों में स्वाभाविक रूप से संवेदनशीलता, समावेशिता और सामाजिक संतुलन आएगा। उन्होंने कहा कि पंचायती राज में आज लगभग 46 प्रतिशत महिला प्रतिनिधित्व यह साबित करता है कि जब अवसर मिलता है, तो महिलाएँ उत्कृष्ट नेतृत्व देती हैं। अब समय आ गया है कि यही मॉडल संसद और विधानसभाओं तक पहुँचे। वहीं यह भी कहा कि विकसित भारत 2047 का सपना तब तक अधूरा रहेगा, जब तक उसमें महिलाओं की बराबर भागीदारी और नेतृत्व सुनिश्चित नहीं होगा। कार्यक्रम में पूर्व ब्लॉक प्रमुख रामपति, पूर्व जिला अध्यक्ष भाजपा प्रेमश्री सिंह, रोली सिंह चौहान समेत अन्य मौजूद रहे।


