कैनवीज़ टाइम्स , डिजिटल डेस्क ।
भारतीय सेना द्वारा पाकिस्तान में आतंकवादी संगठनों के खिलाफ किए गए ऑपरेशन सिंदूर (Operation Sindoor) में आतंकवादी संगठन जैश-ए-मोहम्मद (Jaish-e-Mohammed) के प्रमुख मसूद अजहर (Masood Azhar) के परिवार के 14 लोगों की मौत हो गई है। मरने वालों में मसूद अजहर की बड़ी बहन, उसका पति, एक भांजा और भांजी भी शामिल हैं। मसूद अजहर ने पीटीआई के हवाले से खुद इस घटना की पुष्टि की है। भारत ने यह कार्रवाई पहलगाम में हुए आतंकी हमले का बदला लेने के लिए की है, जिसमें लश्कर-ए-तैयबा, जैश-ए-मोहम्मद और हिजबुल मुजाहिदीन के 9 आतंकी ठिकानों को निशाना बनाकर ध्वस्त कर दिया गया। इनमें मसूद अजहर का प्रमुख अड्डा भी शामिल है।
मसूद अजहर ने बताया कि बहावलपुर में हुए भारतीय मिसाइल हमले में उसके परिवार के 10 सदस्य और चार करीबी सहयोगी मारे गए। मारे गए लोगों में उसकी बड़ी बहन और बहनोई के अलावा उसके दो करीबी सहयोगी और उनकी मां भी शामिल हैं। भारतीय सेना की इस कार्रवाई में पाकिस्तान के आतंकी संगठनों लश्कर-ए-तैयबा, जैश-ए-मोहम्मद और हिजबुल मुजाहिदीन के 9 ठिकाने पूरी तरह से नष्ट कर दिए गए हैं। इन ठिकानों को भारत के गुप्तचर विभाग और सैटेलाइट निगरानी के माध्यम से चिन्हित किया गया था।
मसूद अजहर का नाम भारत में कई बड़े आतंकी हमलों में शामिल रहा है, जिनमें 2001 का संसद हमला, 2016 का पठानकोट हमला और 2019 का पुलवामा हमला प्रमुख हैं। भारत की इस कार्रवाई को उसकी आतंकी गतिविधियों पर सीधा प्रहार माना जा रहा है। ऑपरेशन सिंदूर के जरिए भारत ने स्पष्ट कर दिया है कि वह अपनी सीमाओं पर आतंकी गतिविधियों को बर्दाश्त नहीं करेगा और अपने नागरिकों की सुरक्षा के लिए किसी भी हद तक जा सकता है।
