कैनविज टाइम्स, डिजिटल डेस्क ।


बीकेटी,लखनऊ इटौंजा थाना क्षेत्र के नगर पंचायत महोना में संचालित प्राइवेट सहारा वेलकेयर अस्पताल में महोना निवासी शाहरुख पिछले काफ़ी समय से नौकरी कर रहा था वही अस्पताल प्रशासन द्वारा बिना कारण बताए उसे कुछ दिन पुर्व निकाल दिया गया था वही गुरुवार को शाहरुख अपनी मां वा परिजनों के साथ कारण पूछने गया तो बिल्डिंग मालिक व अस्पताल संचालक ने अपने साथियों के साथ पीटना शुरू कर दिया तथा अस्पताल की छत से पथराव भी किया गया जिसमें शाहरुख की तरफ़ के लगभग पांच लोग चोटिल हो गए।घटना की सूचना पर पुलिस मौक़े पर पहुंची लेकिन आरोपी मौक़े से फरार हो चुके थे।प्राप्त जानकारी के मुताबिक़ नगर पंचायत महोना कार्यालय के सामने स्थित स्थानीय निवासी असफाक गाजी की तीन मंजिला बिल्डिंग रीबा टावर में बिल्डिंग मालिक की साझेदारी में अफजल नाम के व्यक्ति द्वारा सहारा वेलकेयर हॉस्पिटल के नाम से निजी अस्पताल संचालित किया जा रहा है वही नगर पंचायत के वार्ड 8 शेख टोला निवासी महिला बिब्बो का बेटा शाहरुख इसी अस्पताल में नौकरी करता था।जिसको बिना कारण बताए ही आफाक गाजी व अफजल द्वारा निकाल दिया गया था।जिसको लेकर वह अस्पताल से निकाले जाने का कारण पूंछने गई थी।महिला का आरोप है कि कारण पूंछने पर अस्पताल में मौजूद असफाक गाजी,मुख्तार,हसीन,हबीब,शब्बू,डॉ.अफजल अंसारी ने उन्हें व उनके बेटे शाहरुख को पीटना शुरू कर दिया।अस्पताल में दोनों को बुरी तरह पिटता देख उसका दोस्त मिथुन उन्हें बचाने आया तो उसकी भी जमकर पिटाई कर दी।जिसके बाद आसपास के लोग अस्पताल के बाहर एकत्रित हो गए और बिना कारण के ही लोगों को पीटने को लेकर विरोध करने लगे तो अस्पताल संचालक अफजल व अशफाक गाजी अन्य कर्मचारियों को लेकर बिल्डिंग की छत पर चढ़ गए और एकत्रित भीड़ पर ईंट पत्थरों की बरसात कर दी।जिसमें कलाम, मिथुन गौतम,साहिल,रुबीना सहित अन्य कई लोग चोटिल हो गए।इतना ही नही छत से हो रहे पथराव में अस्पताल के बाहर खड़ी कार व मोटरसाइकिलें भी टूट गई।घटना की सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस ने घायलों को उपचार हेतु अस्पताल भेजा।वहीं महिला बिब्बो ने अस्पताल संचालक समेत अन्य के खिलाफ तहरीर देकर एफआईआर दर्ज करने की मांग की है।प्रभारी निरीक्षक मार्कण्डेय यादव ने बताया कि पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।

