कैनविज टाइम्स,डिजिटल डेस्क। बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) की परीक्षा के अभ्यर्थियों के साथ प्रशांत किशोर ने हाल ही में एक महत्वपूर्ण बैठक की, जिसमें उन्होंने बीपीएससी अभ्यर्थियों के समर्थन में बड़ा ऐलान किया। प्रशांत किशोर, जो सामाजिक और राजनीतिक मामलों में अपनी सक्रियता के लिए जाने जाते हैं, ने इस बैठक के दौरान अभ्यर्थियों के मुद्दों को गंभीरता से उठाया और उनकी समस्याओं का समाधान करने के लिए अपना समर्थन देने का वादा किया।
प्रशांत किशोर का ऐलान
प्रशांत किशोर ने बीपीएससी के अभ्यर्थियों से मिलकर कहा कि वह उनकी आवाज को उठाएंगे और उन्हें न्याय दिलाने के लिए हरसंभव प्रयास करेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि यदि राज्य सरकार और बीपीएससी द्वारा अभ्यर्थियों की समस्याओं का समाधान नहीं किया जाता है, तो वह इसे लेकर और अधिक गंभीर कदम उठाएंगे। उनका यह ऐलान बीपीएससी अभ्यर्थियों के लिए एक संजीवनी बूटी की तरह था, क्योंकि पिछले कई दिनों से बीपीएससी के अभ्यर्थी विभिन्न मुद्दों को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं। अभ्यर्थियों का मुख्य आरोप था कि बीपीएससी द्वारा परीक्षा प्रक्रिया में असंगतियां और गड़बड़ियां की जा रही हैं, और उनका अधिकार देने में राज्य सरकार और बीपीएससी दोनों ही नाकाम हो गए हैं।
बीपीएससी अभ्यर्थियों के मुद्दे
बीपीएससी परीक्षा के अभ्यर्थी कई दिनों से अपनी मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे हैं। उनका मुख्य मुद्दा था कि बीपीएससी द्वारा आयोजित परीक्षा में उम्मीदवारों के अधिकारों की अनदेखी की जा रही है। कई अभ्यर्थियों का आरोप है कि परीक्षा में कथित तौर पर गड़बड़ी की गई है और इससे उन्हें न्याय नहीं मिल रहा है। अभ्यर्थियों ने यह भी कहा कि बीपीएससी की ओर से अभ्यर्थियों के साथ उचित संवाद और पारदर्शिता नहीं रखी जा रही है, जिससे उन्हें अपनी समस्याओं का समाधान नहीं मिल पा रहा है। इन अभ्यर्थियों के समर्थन में कई सामाजिक कार्यकर्ता और राजनेता भी आ चुके हैं।
प्रशांत किशोर का समर्थन
प्रशांत किशोर ने कहा कि वह न केवल इस मुद्दे पर बीपीएससी अभ्यर्थियों के साथ खड़े हैं, बल्कि वह जल्द ही सरकार से इस मुद्दे को उठाएंगे। उन्होंने कहा, "अभ्यर्थियों के मुद्दों को लेकर हम एकजुट होकर आंदोलन करेंगे, ताकि उन्हें उनका हक मिल सके।" उनके इस बयान के बाद, यह उम्मीद जताई जा रही है कि इस मुद्दे पर राजनीतिक दबाव बढ़ेगा और राज्य सरकार को कार्रवाई करनी पड़ेगी। प्रशांत किशोर का यह कदम बिहार में अगले चुनावों को ध्यान में रखते हुए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। बिहार में आगामी चुनावों के मद्देनजर प्रशांत किशोर का बीपीएससी अभ्यर्थियों का समर्थन हासिल करना उनके राजनीतिक मंच को और मजबूत कर सकता है। प्रशांत किशोर के ऐलान के बाद बीपीएससी अभ्यर्थियों में उत्साह बढ़ गया है। उन्होंने उम्मीद जताई कि अब उनकी समस्याओं का समाधान होगा और उन्हें न्याय मिलेगा। साथ ही, वे इस आंदोलन में और अधिक सक्रिय रूप से भाग लेने के लिए तैयार हैं। प्रशांत किशोर का बीपीएससी अभ्यर्थियों के समर्थन में ऐलान राज्य के राजनीतिक परिदृश्य में एक नया मोड़ ला सकता है, और यह देखना दिलचस्प होगा कि सरकार और बीपीएससी इस मुद्दे पर कैसे प्रतिक्रिया करते हैं।
