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उच्च शिक्षा को मिलेगा डिजिटल आयाम: बीबीएयू में ऑनलाइन पाठ्यक्रमों पर मंथन

बीबीएयू लखनऊ में MOOCs और SWAYAM कार्यशाला आयोजित। क्रेडिट ट्रांसफर, पंजीकरण और कौशल विकास पर विस्तार से चर्चा।
  • By Kanhwizz Times
  • Reported By: Shivam Srivastava
  • Updated: October 10, 2026

बीबीएयू में MOOCs और SWAYAM पर कार्यशाला: ऑनलाइन पाठ्यक्रमों से क्रेडिट अर्जन और कौशल विकास के नए अवसर

मीडिया सेंटर की पहल पर स्कूल ऑफ मीडिया एंड कम्युनिकेशन में आयोजित कार्यशाला में पाठ्यक्रम चयन, पंजीकरण, क्रेडिट ट्रांसफर और संकाय की भूमिका पर विस्तार से चर्चा हुई।

लखनऊ। बाबासाहेब भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय (बीबीएयू) में उच्च शिक्षा को अधिक सुलभ, गुणवत्तापूर्ण और तकनीक आधारित बनाने की दिशा में एक अहम पहल हुई। एजुकेशनल मल्टीमीडिया रिसर्च सेंटर (मीडिया सेंटर) ने स्कूल ऑफ मीडिया एंड कम्युनिकेशन में MOOCs और SWAYAM पाठ्यक्रमों के प्रभावी क्रियान्वयन पर कार्यशाला आयोजित की। इसमें ऑनलाइन पाठ्यक्रमों को विश्वविद्यालय की शैक्षणिक व्यवस्था से जोड़ने, क्रेडिट ट्रांसफर और विद्यार्थियों के कौशल विकास जैसे विषयों पर चर्चा हुई।

SOP और क्रेडिट प्रक्रिया पर जानकारी

कार्यशाला की मुख्य वक्ता प्रो. यू.वी. किरण ने MOOCs (Massive Open Online Courses) और SWAYAM प्लेटफॉर्म की मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने पाठ्यक्रम चयन, विद्यार्थियों के पंजीकरण, क्रेडिट अर्जन और क्रेडिट ट्रांसफर की प्रक्रिया समझाई। साथ ही बताया कि ये क्रेडिट नियमित पाठ्यक्रमों के साथ कैसे समायोजित किए जाते हैं।

प्रो. किरण ने कहा कि MOOCs और SWAYAM के माध्यम से विद्यार्थी अपनी रुचि और आवश्यकता के अनुसार विभिन्न विषयों का अध्ययन कर सकते हैं। इससे उनके ज्ञान, कौशल और शैक्षणिक दक्षता का विस्तार होगा।

समन्वय और मूल्यांकन पर जोर

विश्वविद्यालय स्तर पर इन पाठ्यक्रमों के सफल संचालन के लिए प्रो. किरण ने विभागों के बीच समन्वय, संकाय सदस्यों की सक्रिय सहभागिता और मूल्यांकन एवं प्रमाणन की स्पष्ट प्रक्रिया को जरूरी बताया। उन्होंने ऑनलाइन पाठ्यक्रमों को शैक्षणिक व्यवस्था का प्रभावी हिस्सा बनाने पर जोर दिया।

संकाय सदस्यों की भूमिका

मीडिया सेंटर के प्रोड्यूसर डॉ. निरंजन कुमार ने MOOCs के विकास और संचालन में शिक्षकों की भूमिका पर प्रकाश डाला। उन्होंने पाठ्यक्रम निर्माण, अध्ययन सामग्री तैयार करने और ऑनलाइन शिक्षण में शिक्षकों की सहभागिता के अवसरों की जानकारी दी। उन्होंने राष्ट्रीय समन्वयक (National Coordinator) की भूमिका, पाठ्यक्रम संचालन की कार्यप्रणाली और शिक्षकों के जुड़ने की प्रक्रिया भी विस्तार से बताई।

उपस्थिति

कार्यशाला में मीडिया सेंटर के निदेशक एवं स्कूल ऑफ मीडिया एंड कम्युनिकेशन के संकायाध्यक्ष प्रो. गोपाल सिंह, प्रो. महेंद्र कुमार पाढ़ी, डॉ. अरविंद सिंह, डॉ. कुंवर सुरेंद्र बहादुर और डॉ. लोकनाथ सिंह मौजूद रहे। मीडिया सेंटर के आनंद असवाल, अनुराग कुमार, अभिलाष दास, दुर्गेश मौर्य, अनूप कुमार, मयंक थपलियाल और अरुण वर्मा के साथ शोधार्थी और विद्यार्थी भी उपस्थित रहे।

कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य MOOCs और SWAYAM पाठ्यक्रमों के माध्यम से उच्च शिक्षा में डिजिटल शिक्षण को प्रोत्साहित करना था। साथ ही विश्वविद्यालय में इनके प्रभावी क्रियान्वयन के लिए आवश्यक प्रक्रियाओं और शैक्षणिक समन्वय को मजबूत करना भी इसका लक्ष्य रहा।

 

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