कैनविज टाइम्स,डिजिटल डेस्क।दिल्ली विधानसभा चुनाव 2025 की तैयारियों में दिल्ली मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने एक नया चुनावी मॉडल पेश किया है। उन्होंने हर 1000 वोटर्स के लिए 12 कार्यकर्ताओं की तैनाती का ऐलान किया है, जो सीधे तौर पर चुनावी प्रचार-प्रसार में जुटेंगे। इसका उद्देश्य है हर इलाके में व्यक्तिगत संपर्क और संवाद बढ़ाना, ताकि पार्टी के प्रस्तावों और योजनाओं को अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाया जा सके।
केजरीवाल ने इस बार दिल्ली के बस्तियों और गरीब इलाकों को विशेष प्राथमिकता दी है। उन्होंने रेवड़ी संस्कृति पर चर्चा करते हुए इसे चुनावी मुद्दा बनाने का संकेत दिया है। उनकी पार्टी का प्रस्ताव है कि बस्तियों में रहने वाले लोगों को मुफ्त बिजली, पानी और इलाज जैसी सुविधाएं दी जाएं, ताकि उनकी जीवनशैली को बेहतर बनाया जा सके। इसके तहत, गरीब परिवारों को स्वास्थ्य सेवाओं का पूरा ख्याल रखने का वादा किया गया है।
इसके साथ ही, दिल्ली के अमीर वर्ग के लिए भी केजरीवाल ने एक अलग योजना बनाई है। उनका कहना है कि अमीरों के लिए बिजली की दरें अधिक होंगी और उनकी अन्य सुविधाओं पर भी पुनर्विचार किया जाएगा, ताकि राज्य के खजाने में और अधिक पैसे जमा हो सकें।
केजरीवाल की रणनीति इस बार गरीब और अमीर दोनों वर्गों के लिए अलग-अलग योजनाओं का प्रस्ताव देने की है, ताकि दोनों वर्गों को अपनी ओर खींचा जा सके। चुनावी प्रचार में रेवड़ी पर चर्चा, मुफ्त सेवाओं का वादा और अमीरों के लिए अलग टैक्स नीति जैसे मुद्दे उन्हें विपक्षी दलों से अलग पहचान दिला सकते हैं।
इस पूरे अभियान में 12 कार्यकर्ताओं की तैनाती से चुनावी रणनीति को और भी धार दी जाएगी। हर क्षेत्र में काम करने वाले ये कार्यकर्ता न केवल प्रचार करेंगे, बल्कि जनता की समस्याओं का समाधान भी पेश करेंगे। ऐसे में, यह चुनावी योजना केजरीवाल के लिए 2025 में सत्ता में वापसी की कुंजी साबित हो सकती है।
