कैनविज टाइम्स,डिजिटल डेस्क। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हाल ही में महाकुंभ के समापन पर एक ब्लॉग प्रकाशित किया, जिसमें उन्होंने इस आयोजन को ‘कई शताब्दियों की नींव’ और ‘एकता का महायज्ञ’ करार दिया। उन्होंने महाकुंभ को भारत की संस्कृति, परंपरा और आध्यात्मिक भव्यता का जीवंत प्रमाण बताया।
प्रधानमंत्री मोदी ने महाकुंभ को एकता और समता-समरसता का असाधारण संगम करार दिया और कहा कि हजारों वर्षों से चली आ रही इस परंपरा में कहीं भी कोई भेदभाव और जातिवाद नहीं है।
महाकुंभ के दौरान, 13 जनवरी से 22 फरवरी तक, लगभग 60 करोड़ श्रद्धालुओं ने संगम में डुबकी लगाई।
प्रधानमंत्री मोदी ने महाकुंभ को भारत की सांस्कृतिक चेतना की पुनः प्रतिष्ठा का प्रतीक बताया और कहा कि हमें विकास के रास्ते पर चलते हुए अपनी विरासत को सहेजना चाहिए।
