भारतीय संस्कृति एवं संस्कारों को नई पीढ़ी तक पहुंचाना समय की आवश्यकता: गुलाब देवी
ब्रह्माकुमारीज एजुकेशन विंग के तीन दिवसीय "Meeting & Training Program" का शुभारंभ
लखनऊ। ब्रह्माकुमारीज एजुकेशन विंग द्वारा शिक्षा, मूल्य, आत्मचिंतन एवं आध्यात्मिक सशक्तिकरण के उद्देश्य से आयोजित तीन दिवसीय "Meeting & Training Program" का शुभारंभ शुक्रवार को सुल्तानपुर रोड स्थित गुलजार उपवन ट्रेनिंग सेंटर में हुआ। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि गुलाब देवी, राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार), माध्यमिक शिक्षा, उत्तर प्रदेश सरकार ने अपने उद्बोधन से उपस्थित शिक्षाविदों एवं गणमान्यजनों को संबोधित किया।
कार्यक्रम का शुभारंभ
दीप प्रज्वलन के पश्चात कार्यक्रम का शुभारंभ ममता, सुमन एवं राजयोगिनी राधा के शुभ उद्बोधन से हुआ। सुमन ब्रह्माकुमारीज शिक्षा प्रभाग की नेशनल कोऑर्डिनेटर हैं, जबकि ममता एवं राधा वरिष्ठ राजयोगिनी शिक्षिकाएं हैं। उन्होंने शिक्षा में मूल्यों, संस्कारों, आत्मचिंतन एवं आध्यात्मिक दृष्टिकोण के महत्व पर प्रकाश डाला।
मुख्य अतिथि गुलाब देवी का संबोधन
अपने संबोधन में मुख्य अतिथि गुलाब देवी ने कहा कि आज पाश्चात्य संस्कृति का प्रभाव धीरे-धीरे भारतीय संस्कृति पर बढ़ता जा रहा है। हमारी प्राचीन संस्कृति, संस्कारों और गौरव से नई पीढ़ी, विशेषकर छोटे बच्चे, दूर होते जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि आज आवश्यकता है कि बच्चों को पुनः भारतीय संस्कृति एवं संस्कारों से जोड़ते हुए उन्हें श्रेष्ठ जीवन मूल्यों के प्रति जागरूक और प्रेरित किया जाए।
उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि आज घर में जब कोई अतिथि आता है, तो कई बार बच्चे उसके साथ अभिवादन करने अथवा शिष्टाचारपूर्वक बातचीत करने के बजाय एक कोने में बैठकर मोबाइल में व्यस्त रहते हैं। यह स्थिति इस बात की ओर संकेत करती है कि बच्चों को आधुनिक तकनीक के साथ-साथ संस्कार, शिष्टाचार और मानवीय मूल्यों की शिक्षा देना भी अत्यंत आवश्यक है।
मंत्री जी ने ब्रह्माकुमारीज संस्था के कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि संस्था लंबे समय से समाज में मूल्यों एवं संस्कारों के परिष्करण की दिशा में कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि विभिन्न स्थानों पर ब्रह्माकुमारीज के कार्यों को देखने के बाद वे इस निष्कर्ष पर पहुंची हैं कि संस्था जिस लगन एवं समर्पण के साथ संस्कारों के परिष्करण तथा मूल्य आधारित जीवन के लिए कार्य कर रही है, वह सराहनीय है।
विशिष्ट अतिथि एवं गणमान्य
कार्यक्रम में लखनऊ विश्वविद्यालय के समाजशास्त्र विभाग के प्रमुख, प्रोफेसर पी. के. गुप्ता विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। इसके साथ ही उप शिक्षा निदेशक राजेश शाही तथा अनेक गणमान्य शिक्षाविदों की गरिमामयी उपस्थिति रही।
कार्यक्रम संचालन एवं समापन
कार्यक्रम का सफल संचालन राजयोगिनी स्वर्णलता दीदी ने किया। मुख्य अतिथि के संबोधन एवं कार्यक्रम के विभिन्न सत्रों के पश्चात उपस्थित अतिथियों एवं प्रतिभागियों को प्रसाद वितरित किया गया और कार्यक्रम का समापन हुआ।
